- वर्कर्स सोशलिस्ट पार्टी / २३.३.२०१८
स्तालिनवादियों और दूसरे तमाम छद्म-वामियों ने, जिनके विरुद्ध WSP ने समझौताहीन राजनीतिक संघर्ष छेड़ा है, बारम्बार हम पर यह कहते हुए आरोप लगाए हैं कि हमारे द्वारा छेड़े गए इस संघर्ष के चलते वाम एकता कमज़ोर हो रही है. इस प्रश्न पर विचार करना इसलिए बहुत ज़रूरी है चूंकि यह प्रश्न समूचे आन्दोलन को प्रभावित करता है. जिस कार्रवाई से वाम एकता कमज़ोर हो रही है, वह कार्रवाई किसी भी तरह क्रान्तिकारी नहीं हो सकती बल्कि प्रतिक्रांतिकारी ही होगी.
छद्म-वाम, जिसमें मुख्यतः स्तालिनवादी शामिल हैं, के विरुद्ध, हमारे राजनीतिक संघर्ष का समूचे वाम आन्दोलन और क्रान्तिकारी संघर्ष के साथ क्या सम्बन्ध है और वह उसे किस तरह प्रभावित करता है, इस प्रश्न पर तुरंत संजीदगी से विचार किया जाना चाहिए.
स्तालिनवादियों और दूसरे तमाम छद्म-वामियों ने, जिनके विरुद्ध WSP ने समझौताहीन राजनीतिक संघर्ष छेड़ा है, बारम्बार हम पर यह कहते हुए आरोप लगाए हैं कि हमारे द्वारा छेड़े गए इस संघर्ष के चलते वाम एकता कमज़ोर हो रही है. इस प्रश्न पर विचार करना इसलिए बहुत ज़रूरी है चूंकि यह प्रश्न समूचे आन्दोलन को प्रभावित करता है. जिस कार्रवाई से वाम एकता कमज़ोर हो रही है, वह कार्रवाई किसी भी तरह क्रान्तिकारी नहीं हो सकती बल्कि प्रतिक्रांतिकारी ही होगी.
छद्म-वाम, जिसमें मुख्यतः स्तालिनवादी शामिल हैं, के विरुद्ध, हमारे राजनीतिक संघर्ष का समूचे वाम आन्दोलन और क्रान्तिकारी संघर्ष के साथ क्या सम्बन्ध है और वह उसे किस तरह प्रभावित करता है, इस प्रश्न पर तुरंत संजीदगी से विचार किया जाना चाहिए.